काव्य पाठ के साथ संकलन ”प्रजापति” का किया विमोचन
बांका,बिहार(सशक्त हस्ताक्षर)। संत बिनोवा भावे अकादमी भीतिया में अकादमी के निदेशक सह प्राचार्य दीपक उपाध्याय के सौजन्य तथा अंगिका ग्राम- यात्रा के212 वीं कड़ी के संयोजक सरयुग सौम्य के प्रयास से, अंगिका एवं हिन्दी के कवियों को लेकर एक सफल…
”मोबाइल दास” श्री किशन टण्डन ‘क्रान्ति’ वरिष्ठ साहित्यकार,रायपुर छत्तीसगढ
साहित्यकार-परिचय – श्री किशन टण्डन ‘क्रान्ति’ माता-पिता – श्री रामखिलावन टण्डन, श्रीमती मोंगरा देवी जीवन संगिनी-श्रीमती गायत्री देवी जन्म – 01 जुलाई 1964 मस्तूरी, जिला- बिलासपुर (छ.ग.) शिक्षा – एम. ए. ( समाजशास्त्र, इतिहास, राजनीति विज्ञान ) उपलब्धियाँ मध्य प्रदेश…
”हरित’- हरियाली” डॉ गीता शर्मा ज्योतिष मनीषी साहित्यकार कांकेर रायपुर छ.ग.
साहित्यकार परिचय- डॉ गीता शर्मा जन्म- 24 अक्टूबर 1951 माता पिता- स्व श्री काशीप्रसाद चन्सौरिया (शर्मा)स्व श्रीमती श्यामादेवी चन्सौरिया(शर्मा) शहडोल म. प्र. शिक्षा- पं. रविशंकर युनिवर्सिटी से बीए। एम फिल,पी एच डी( कोलकाता से), संगीत विशारद (भा संगीत)इलाहाबाद से। प्रकाशन-…
”भटकाव” श्री अनुपम जोफर शिक्षक साहित्यकार,कांकेर छत्तीसगढ़
साहित्यकार परिचय- श्री अनुपम जोफर जन्म- 18 अगस्त 1963 कांकेर छत्तीसगढ़ माता-पिता– स्व. नेलसन जोफर, श्रीमती पुष्पांजलि जोफर शिक्षा- एम.काम,एम.ए. हिन्दी,एलएलबी,बीएड,डीपीएड,पत्रकारिता पाठ्यक्रम,बी.लिब,एन.आर.एम.,पीजीडीसीए। प्रकाशन- कई संग्रह प्रकाशन हुआ है। सम्मान पुरस्कार – 1997 में जिला युवा पुरस्कार, नवोदित रचनाकार सम्मान,बेस्ट टीचर्स…
”अकेला शब्द” डॉ. अचल भारती वरिष्ठ साहित्यकार बांका,बिहार
”अकेला शब्द” हॉं! अकेला शब्द निहत्था होता है उसे मारो मत ! उसे फेंको भी नहीं किसी गहरी खाई में गिराओ भी नहीं उसे किसी पहाड़ की चोटी से छितराओ भी नहीं उसे किसी समंदर की छाती पर तनि शब्द…
”सपने”श्री किशन टण्डन ‘क्रान्ति’ वरिष्ठ साहित्यकार,रायपुर छ.ग.
साहित्यकार-परिचय – श्री किशन टण्डन ‘क्रान्ति’ माता-पिता – श्री रामखिलावन टण्डन, श्रीमती मोंगरा देवी जीवन संगिनी-श्रीमती गायत्री देवी जन्म – 01 जुलाई 1964 मस्तूरी, जिला- बिलासपुर (छ.ग.) शिक्षा – एम. ए. ( समाजशास्त्र, इतिहास, राजनीति विज्ञान ) उपलब्धियाँ मध्य प्रदेश…
”दिव्य दृष्टि” श्रीमती माधुरी कर वरिष्ठ साहित्यकार रायपुर छत्तीसगढ
पांच साल की जब मैं हुयी। मेरे पिता(श्री गौरीशंकर पंडा) ने अपने नाम की वर्णमाला थमाई। सोलह साल होते-होते कंठस्त हुई पढ़ाई। राम जैसा पति मिला। कई बार अग्नि परीक्षा से गुजरती रही। पहले तो भाई पर शक था, अब…
मैं शब्द हूॅं! डॉ. अचल भारती वरिष्ठ साहित्यकार बांका,बिहार
( शब्द : एक उदघोष) मैं शब्द हूॅं तिरस्कृत फेंका हुआ युग- पथ पर सवार हूॅं इकलौता शब्द- शब्द की शक्ति है मेरा सुदर्शन मुझसे ही सॅंजता है सत्य सॅंवरता है सौन्दर्य संकल्प एक है मेरा संतुलित सृष्टि मैं शब्द…
‘गंगा में स्नान कुछ प्रतिज्ञा भी या यूं ही’मनोज जायसवाल संपादक सशक्त हस्ताक्षर छ.ग.
कितने लोग होंगे जो निश्चित रूप से गंगा में स्नान करते हुए यह प्रतिज्ञा लेते होंगे कि माता आज से मैं अपने शरीर के साथ मन,वचन और कर्म को भी गंगा जल की तरह निर्मल रखूंगा। जीवन पथ पर मैं…
”पोखर भर जल” स्व. श्रीमती इन्दिरा परमार वरिष्ठ साहित्यकार धमतरी छ.ग.
साहित्यकार-परिचय -श्रीमती इन्दिरा परमार माता-पिता – जन्म – 14 नवम्बर 1942 ग्राम-छेलिया, जिला बरमपुर(उड़ीसा) शिक्षा – प्रकाशन – अच्छी आदतें और स्वास्थ्य, निदिया रानी, विभीन्न पत्र पत्रिकाओं में रचनाओं का नियमित प्रकाशन, बाल एवं प्रौढ़ साहित्य के लेखन में विशेष…























