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”ससुराल प्रथम आगमन का सम्मान और आनंद”मनोज जायसवाल संपादक सशक्त हस्ताक्षर कांकेर छ.ग.

-इसीलिए कहा जाता है,ससुराल गेंदा फूल हिन्दु सनातन धर्म में कई शुभ मुर्हूत पर विवाह आयोजन हो रहा है। विवाह के बाद मुख्य रूप से लडकी का प्रथम बार मायका एवं लडके का ससुराल जाना भी परंपरा का ही एक…

”अर्पण कर जाऊँ” श्रीमती आशा अतुल गुप्ता,साहित्यकार नौगांव छत्तरपुर मध्यप्रदेश

माँ तेरे आँखों की ज्योति मै बन जाऊँ तेरे दिल की मैं धड़कन बन जाऊँ। जितना मुझपे तूने प्यार लुटाया ……. उतना तुझपे मैं प्यार लुटाऊँ। तेरी हर एक खुशियों को मैं अपने दिल का …. अरमान बनाऊँ। तेरे दिल…

संस्कृति मंत्री छ.ग. के हाथों पुस्तक का विमोचन

रायपुर(सशक्त हस्ताक्षर)। बिलासा साहित्य संगीत धारा व छत्तीसगढ़ स्वाभिमान संस्थान छत्तीसगढ़ के संयुक्त तत्वाधान में 8 मई को  बजे वृंदावन हाल रायपुर में छत्तीसगढ़ संपूर्ण दर्शन पुस्तक का विमोचन प्रदेश के यशस्वी संस्कृति व खाद्य मंत्री अमरजीत भगत के कर…

‘बस्तर की अर्थव्यवस्था का स्त्रोत सल्फी’ मनोज जायसवाल संपादक सशक्त हस्ताक्षर कांकेर छ.ग.

(मनोज जायसवाल) जब बस्तर मे बेटियों की शादी आम बस्तरियों से की जाती है, तो दहेज में सल्फी का पेड़ दिया जाता है। लेकिन अगर जिसकी बिटिया नहीं होती है तो उसके बाद उस व्यक्ति के भांजे को वह सल्फी…

गिरेबां को तनिक झांक लेते…. मनोज जायसवाल संपादक सशक्त हस्ताक्षर कांकेर छ.ग.

(मनोज जायसवाल) वैसे तो सामाजिक प्रतिषेध कानून उन लोगों के लिए बड़ी आस है,जिन्हें गावों में कई दफा हुक्का पानी बंद तो गांव की मुख्यधारा से अलग किया जाता है। मुख्यतः गांवों में कुछ नामचीन तथाकथित प्रभावशाली लोगों की सियानी…

‘सामाजिक सत्ता में विपक्ष की ताकत’मनोज जायसवाल संपादक सशक्त हस्ताक्षर,कांकेर छ.ग.

(मनोज जायसवाल) सामाजिक सत्ता की लड़ाई में सत्ता से भी ज्यादा ताकतवर यदि कोई होता है तो वो है विपक्ष! सामाजिक सत्ता की दीवार उस दिन से कमजोर पड़ना शुरू हो जाता है,जिस दिन से शीर्ष नेतृत्व अपनी मनमानी प्रारंभ…

‘मौकापरस्तों की समाज में रवानी’ मनोज जायसवाल संपादक सशक्त हस्ताक्षर कांकेर छ.ग.

(मनोज जायसवाल) चाहे सामाजिक सत्ता हो या सियासी सत्ता! मौकापरस्तों की रवानी दोनों में दिखायी देता है। जो किसी एक पक्ष के हार की बद्दुआएं देता रहा, जो उक्त प्रत्याशी के हार के लिए आमजन के सामने नकारात्मक बातों को…

समाजः ‘हम सवालों के साथ रहेंगे’ मनोज जायसवाल संपादक सशक्त हस्ताक्षर छ.ग.

(मनोज जायसवाल) किसी बड़े वीआईपी नेता,उच्चाधिकारी द्वारा अपने कार,हेलीकॉप्टर में बिठा देने,सभा मंच पर नाम उच्चारण कर देने, फोटो खिंचवा देने, आंचलिक समाचार पत्र की सुर्खियों उपस्थितजनों की कड़ी में नाम छप जाने आदि भर से आपकी महानता तय नहीं…

सामाजिक सत्ता रूतबे का क्या? मनोज जायसवाल संपादक सशक्त हस्ताक्षर कांकेर छ.ग.

(मनोज जायसवाल) सत्ता चाहे सियासी हो या सामाजिक! हासिल होने के बाद समय नहीं लगता अपनी भावनाओं,विचारों को परिवर्तित होने में। उन्हें पता है, यह वो वक्त है,जब हमें झुकना है। सामाजिकता की मीठी-मीठी बातें करना है। जिस अंतिम व्यक्ति…

”अन्धे” डॉ. किशन टण्डन ‘क्रान्ति’ वरिष्ठ साहित्यकार रायपुर छ.ग.

साहित्यकार परिचय : डॉ. किशन टण्डन ‘क्रान्ति’ माता : श्रीमती मोगरा देवी  पिता : स्व. श्री रामखिलावन टण्डन जीवनसंगिनी : श्रीमती गायत्री देवी जन्म : 01 जुलाई 1964, मस्तूरी, जिला-बिलासपुर, छ.ग. (भारत) शिक्षा : एम. ए. (समाजशास्त्र, इतिहास, राजनीति विज्ञान)…

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